रेवांचल टाईम्स - पूरा मामला सिवनी जिले के अंतर्गत आने वाले सभी उपार्जन केंद्रों का है।एंव विषेश रूप से लोपा एंव ठुटेरा का है। जहां जिला प्रशासन के कर्मों का फल भुगत रहे हैं। । किसान किसानों की उपार्जन केंद्रों में पड़ी धान बीते दिनो बारिश आने से गीली हो गई एंव उपार्जन केंद्रों में वाहन ना पहुंने के चलते तोली हूई धान भी गाली हो गई । जिसके चलते हमारे सभी उपार्जन केंद्रों मैं हजारों क्विंटल धान गीली हो कर खराब हो चुकी है।ओर इसका जिम्मेदार किसे माने। वही किसानों ने जिला प्रशासन पर आरोप लगाते हुए कहा कि नियमित तुलाई नहीं किए जाने एवं परिवहन के ना आने से यह खामियाजा हमें भुगतना पढ़ रहा है। अगर प्रशासन नियमित रूप से ध्यान देते रहता एवं समय-समय पर परिवहन आते जाते तो उपार्जन केंद्रों का माल वहां से निकलते जाता एवं किसानों द्वारा गिराई गई धान की और तुलाई की जा सकती थी। लेकिन ऐसा ना होने के चलते आज हमारी धान गीली हुई एवं अभी भी उपार्जन केंद्रों में पड़ी है। जिसके चलते हमे बहुत परेशान होना पड़ रहा है। समय पर तुलाई नहीं की जा रही है। यह माना जाऐ की परिवाहनो का ना आना हमारे लिए काल बना हुआ है।
अखिल बन्देवार के साथ रेवांचल टाईम्स की एक रिपोर्ट
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