वास्तु शास्त्र में कई चीजों का विशेष महत्व माना गया है और वास्तु के नियमों का पालन करने से व्यक्ति को जीवन में आ रही कई परेशानियों से भी छुटकारा मिल सकता है. वास्तु शास्त्र में दिशाओं और वस्तुओं का यदि इस्तेमाल बेहद ही महत्वपूर्ण बताया गया है. क्योंकि ये छोटी-छोटी चीजे बेशक दिखने में मामूली लगें लेकिन ये बहुत ही लाभकारी होती हैं. अगर आप अपने घर में सुख-समृद्धि और खुशहाली चाहते हैं तो पोछा लगाते समय वास्तु के कुछ नियमों को जरूर ध्यान रखें. वास्तु के अनुसार पोछा लगाते वक्त पानी में चुटकीभर नमक जरूर मिलाना चाहिए. इसके कई लाभ होते हैं. आइए जानते हैं वास्तु के अनुसार नमक के पानी का पोछा लगाने के फायदे और सही तरीका.
नमक के पानी का पोछा
रसोई घर में सबसे ज्यादा इस्तेमाल होने वाला नमक केवल स्वाद को ही नहीं बढ़ाता, बल्कि आपकी जिंदगी में भी सुख-समृद्धि लेकर आता है. बिना नमक के भोजन में जिस प्रकार कोई स्वाद नहीं होता, बिल्कुल उसी तरह वास्तु के अनुसार यदि पोछा लगाते समय पानी में यदि चुटकीभर नमक न मिलाया जाए तो घर में निगेटिविटी का वास होता है.
दूर होती है नेगेटिविटी
वास्तु शास्त्र के मुताबिक घर में नमक का पोछा लगाना चाहिए. हफ्ते में दो बार घर में नमक का पोछा जरूर लगाएं . इससे घर की सारी नकारात्मक ऊर्जा का विनाश हो जाएगा और पॉजिटिविटी का संचार होगा.
मेड के छुपाकर पानी में मिलाएं नमक
अगर आप चाहते हैं कि घर से सारी निगेटिविटी बाहर चली जाए तो वास्तु के इस नियम का विशेष ध्यान रखें. अगर आपके घर में मेड आती है तो ऐसे में पोछे की बाल्टी में चुपके से नमक डाल दें.
इस दिन न लगाएं नमक का पोछा
वास्तु शास्त्र के अनुसार इस बात का विशेष तौर पर ध्यान रखना चाहिए कि नमक का पोछा रविवार, मंगलवार और गुरुवार के दिन न लगाएं. इसके अलावा अन्य दिन आप नमक का पोछा लगा सकते हैं.
नमक के इन टिप्स को अपनाएंसुखी रहने की कामना रखते हैं तो किसी शत्रु या पापी पुरुष के यहां का नमक कदापी न खाएं. हर कहीं का नमक या नमकीन न खाएं इस बात का हमेशा ध्यान रखें.
भोजन करते समय आपको दाल या सब्जी आदि में नमक या मिर्च कम लगे तो ऊपर से न डालें. ऐसे में काला नमक या काली मिर्च का प्रयोग करें. ऐसा करने से शनि, चंद्र और मंगल का दुष्प्रभाव नहीं होगा.
अगर कोई लंबी बीमारी से ग्रसित हैं तो उसके सिरहाने कांच के एक बर्तन में नमक रखें. एक सप्ताह बाद उस नमक को बदल कर दोबारा नमक रख दें. धीरे-धीरे सेहत में सुधार होने लगेगा.
डिस्क्लेमर: यहां दी गई सभी जानकारियां सामाजिक और धार्मिक आस्थाओं पर आधारित हैं.रेवांचल टाईम्स इसकी पुष्टि नहीं करता. इसके लिए किसी एक्सपर्ट की सलाह अवश्य लें.

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